प्रभु श्रीराम के वनवास से अयोध्यावासी बहुत व्याकुल होकर कैकेई को गाली दे रहे हैं और कहते हैं कि इस दुर्बुद्धि कैकेई ने राम को…
View More अवध के लोगवा, देत है गारी ……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्रAuthor: admin
विभाजन की राजनीति: एक खतरनाक खेल
सम्पादकीय : पूर्णेन्दु सिन्हा ‘पुष्पेश’। भारतीय राजनीति में जातिगत समीकरण और चुनावी रणनीतियाँ अनिवार्य तत्व रही हैं, लेकिन वर्तमान समय में कांग्रेस और इंडी गठबंधन…
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भगवान राम बन से अयोध्या लौटे हैं । तत्काल उनका राज्याभिषेक होता है । अयोध्या में उत्सव मनाया जा रहा है । अयोध्या को पूरी…
View More आयो बनवाँ से राम लखन और सिया……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्रभ्रष्टाचार मामले में दो मुख्यमंत्रियों को जेल की हवा खिलानेवाले –सरयू राय
झारखंड विधानसभा चुनाव 2024 के समीप आते ही प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। इसी दौरान, एक प्रमुख चेहरा फिर से चर्चा…
View More भ्रष्टाचार मामले में दो मुख्यमंत्रियों को जेल की हवा खिलानेवाले –सरयू रायझूठे विमर्शों का खेल: भारतीय सनातन संस्कृति पर पश्चिमी हमले
– पूर्णेन्दु सिन्हा ‘पुष्पेश ‘ भारत, एक समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर वाला देश, सदियों से अपनी सनातन परंपराओं और मान्यताओं के लिए जाना जाता है। लेकिन…
View More झूठे विमर्शों का खेल: भारतीय सनातन संस्कृति पर पश्चिमी हमलेडगर में छेड़ो न मोहे नन्दराइ……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्र
कृष्ण गोपियों को बहुत सताते हैं । राह चलते उन्हें छेड़ते हैं । गोपियाँ कहती हैं कि मैया से हम तुम्हारी शिकायत करेगीं। इसी प्रसंग…
View More डगर में छेड़ो न मोहे नन्दराइ……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्रअवध में गुनी एक आयो जी ……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्र
जब शिव जी ने सुना कि भगवान राम का जन्म हो गया है तो दर्शन की लालसा से ज्योतिषी का वेष बना कर अवध की…
View More अवध में गुनी एक आयो जी ……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्रहे राधा तूने मुरली काहे चुराई……- ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्र
प्रस्तुत है मेरी ये रचना राधा और कृष्ण की नोक झोंक :—— हे राधा तूने मुरली काहे चुराई । ना तेरी बैरन ना तेरी सौतन…
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बालक राम अपने बाल चरित्र के द्वारा कैसे सबके मन को हर लेते हैं इसी प्रसंग पर सवैया में प्रस्तुत है मेरी ये रचना:—– दशरथ…
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एक युवती ने सुना कि नन्द और यशोदा के घर बहुत सुन्दर लाल का जन्म हुआ है तो उसके मन में उस बालक के दर्शन…
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