आओ प्रिये —-
प्यार का मौसम प्रिये,
आया बहार लेकर ।
हैं पल्लवित पुष्पित तरू,
यौवन खुमार लेकर ।
कोयल बुलावत हे प्रिये,
कुहु कुहु पुकार लेकर ।
गुंजत भँवर मदमस्त हो,
मधुरस फुहार लेकर ।
रचनाकार :

ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्र
आओ प्रिये —-
प्यार का मौसम प्रिये,
आया बहार लेकर ।
हैं पल्लवित पुष्पित तरू,
यौवन खुमार लेकर ।
कोयल बुलावत हे प्रिये,
कुहु कुहु पुकार लेकर ।
गुंजत भँवर मदमस्त हो,
मधुरस फुहार लेकर ।
रचनाकार :

ब्रह्मेश्वर नाथ मिश्र